HCV Psalmen Kapitel 22

Psalmen 22

HCV · Vergleichen · Audio

1ेरे परमेश्वर, मेरे परमेश्वर, क्यों आपने मेरा परित्याग कर दिया? 2मेरे परमेश्वर, मैं दिन में पुकारता हूं पर आप उत्तर नहीं देते, 3जबकि पवित्र हैं आप; 4हमारे पूर्वजों ने आप पर भरोसा किया; 5उन्होंने आपको पुकारा और आपने उनका उद्धार किया; 6अब मैं मनुष्य नहीं, कीड़ा मात्र रह गया हूं, 7वे सभी, जो मुझे देखते हैं, मेरा उपहास करते हैं; 8“उसने याहवेह में भरोसा किया है, 9आप ही हैं, जिन्होंने मुझे गर्भ से सुरक्षित निकाला; 10जन्म के समय से ही मुझे आपकी सुरक्षा में छोड़ दिया गया; 11प्रभु, मुझसे दूर न रहें, 12अनेक सांड़ मुझे घेरे हुए हैं; 13उन्होंने अपने मुंह ऐसे फाड़ रखे हैं 14मुझे जल के समान उंडेल दिया गया है, 15मेरा मुंह ठीकरे जैसा शुष्क हो चुका है, 16कुत्ते मुझे घेरकर खड़े हुए हैं, 17अब मैं अपनी एक-एक हड्डी गिन सकता हूं; 18उन्होंने मेरा बाहरी कपड़ा आपस में बांट लिया, 19किंतु, याहवेह, आप मुझसे दूर न रहें. 20तलवार के प्रहार से तथा कुत्तों के आक्रमण से, 21सिंहों के मुंह से तथा वन्य सांड़ों के सीगों से, 22तब मैं स्वजनों में आपकी महिमा का प्रचार करूंगा; 23याहवेह के श्रद्धालुओ, उनका स्तवन करो! 24क्योंकि याहवेह ने दुःखितों की शोचनीय, 25महासभा में आपके गुणगान के लिए मेरे प्रेरणास्रोत आप ही हैं; 26नम्र पुरुष भोजन कर तृप्‍त हो जाएगा; 27पृथ्वी की छोर तक 28क्योंकि राज्य याहवेह ही का है, 29खा-पीकर पृथ्वी के समस्त हृष्ट-पुष्ट उनके सामने नतमस्तक हो उनकी वंदना करेंगे; 30यह संपूर्ण पीढ़ी उनकी सेवा करेगी; 31वे परमेश्वर की धार्मिकता तथा उनके द्वारा किए गए महाकार्य की घोषणा

Tägliches Limit erreicht

Aktualisieren Sie Ihren Plan, um KI-Funktionen mit höheren täglichen Limits weiter nutzen zu können.

Alle Tarife vergleichen →