URD Mazmur Pasal 101

Mazmur 101

URD · Bandingkan · Audio

1ैं शफ़क़त और 'अदल का हम्द गाऊँगा; 2मैं 'अक़्लमंदी से कामिल राह पर चलूँगा, 3मैं किसी ख़बासत को मद्द — ए — नज़र नहीं रखूँगा; 4कजदिली मुझ से दूर हो जाएगी; 5जो दर पर्दा अपने पड़ोसी की बुराई करे, 6मुल्क के ईमानदारों पर मेरी निगाह होगी ताकि वह मेरे साथ रहें; 7दग़ाबाज़ मेरे घर में रहने न पाएगा; 8मैं हर सुबह मुल्क के सब शरीरों को हलाक किया करूँगा,

Batas Harian Tercapai

Tingkatkan paket Anda untuk terus menggunakan fitur AI dengan batas harian yang lebih tinggi.

Bandingkan semua paket →