HIN Zsoltárok Fejezet 141

Zsoltárok 141

HIN · Összevetés · Hang

1े यहोवा, मैंने तुझे पुकारा है; मेरे लिये फुर्ती कर! 2मेरी प्रार्थना तेरे सामने सुगन्ध धूप, 141:2 सुगन्ध धूप: मेरी प्रार्थना तेरे सम्मुख ऐसी हो जैसे आराधना में धूप का धुआँ उठता है।(प्रका. 5:8, प्रका. 8:3,4, नीति. 3:25,1 पत. 3:6) 3हे यहोवा, मेरे मुँह पर पहरा बैठा, (याकू. 1:26) 4मेरा मन किसी बुरी बात की ओर फिरने न दे; 5धर्मी मुझ को मारे तो यह करुणा मानी जाएगी, 6जब उनके न्यायी चट्टान के ऊपर से गिराए गए, 7जैसे भूमि में हल चलने से ढेले फूटते हैं, 141:7 जैसे भूमि में हल चलने से ढेले फूटते हैं: नि:सन्देह हम कब्रिस्तान में बिखरी हड्डियों के सदृश्य हैं। हम दुर्बल, भंगुर, अव्यवस्थित प्रतीत होते हैं। 8परन्तु हे यहोवा प्रभु, मेरी आँखें तेरी ही ओर लगी हैं; 9मुझे उस फंदे से, जो उन्होंने मेरे लिये लगाया है, 10दुष्ट लोग अपने जालों में आप ही फँसें,

Napi korlát elérve

Frissítsd az előfizetésed, hogy az AI funkciókat magasabb napi korlátokkal használhasd.

Összes csomag összehasonlítása →